नई दिल्ली – दिल्ली के नांगलोई स्थित राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, जे.जे. कॉलोनी नंबर-2 में आयोजित 10वें सेल्फ डिफेंस विंटर कैंप का आज उत्साह और जोश के साथ सफल समापन हुआ। इस कैंप का उद्देश्य छात्राओं, विशेषकर लड़कियों को आत्मरक्षा कौशल, आत्मविश्वास और व्यक्तिगत सुरक्षा के प्रति जागरूक करना था।
यह शीतकालीन आत्मरक्षा शिविर दिल्ली के चार प्रमुख स्थानों पर आयोजित किया गया, जिनमें मदर मैरीज़ स्कूल, मयूर विहार फेज-1, राजकीय सह-शिक्षा वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, आर.के. पुरम सेक्टर-6,सर्वोदय सह-शिक्षा विद्यालय, एफ-ब्लॉक बुध नगर, इंद्रपुरी सहित अन्य स्थान शामिल रहे। इन सभी केंद्रों पर अलग-अलग पृष्ठभूमि से आए विद्यार्थियों की बड़ी भागीदारी देखने को मिली। कुल 7,878 प्रतिभागियों ने पंजीकरण कर प्रशिक्षण में सक्रिय रूप से भाग लिया।

समापन समारोह में विशेष पुलिस आयुक्त (SPUWAC एवं विजिलेंस) अजय चौधरी, आईपीएस मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने छात्राओं को संबोधित करते हुए आत्मनिर्भर बनने और सीखी गई तकनीकों को नियमित रूप से अभ्यास में लाने के लिए प्रेरित किया।इस अवसर पर अंतरराष्ट्रीय भारतीय बॉक्सर परवीन हुड्डा विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहीं। उन्होंने अपने संघर्ष,अनुशासन और खेल यात्रा को साझा कर छात्राओं को आत्मविश्वास और आत्मशक्ति का संदेश दिया।
कैंप के दौरान सेल्फ डिफेंस टीम द्वारा छात्राओं को बुनियादी आत्मरक्षा तकनीकें, परिस्थितिजन्य जागरूकता, आत्मविश्वास बढ़ाने के अभ्यास और सुरक्षा से जुड़ी व्यावहारिक रणनीतियों का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षकों ने ऐसे सरल और प्रभावी तरीकों पर जोर दिया, जिन्हें वास्तविक जीवन की परिस्थितियों में आसानी से अपनाया जा सके।

समापन समारोह में कई छात्राओं ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि इस प्रशिक्षण से उनमें आत्मविश्वास बढ़ा है और वे अब कठिन परिस्थितियों में शांत और सजग तरीके से प्रतिक्रिया देना सीख पाई हैं। अभिभावकों ने भी इस पहल की सराहना करते हुए आयोजकों और प्रशिक्षकों के प्रति आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए।दिल्ली पुलिस की SPUWAC इकाई द्वारा गर्मी और सर्दी की छुट्टियों में नियमित रूप से आत्मरक्षा प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए जाते हैं। वर्ष 2025 में दिल्ली पुलिस ने कुल 2,344 आत्मरक्षा कार्यक्रम आयोजित किए, जिनसे 4,29,987 प्रतिभागियों को लाभ मिला। यह पहल महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के प्रति दिल्ली पुलिस की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।







