नई दिल्ली, सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट के डीसीपी रोहित राजबीर सिंह ने बताया सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट के थाना कमला मार्किट पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और त्वरित कार्रवाई के जरिए फर्जी सरकारी अधिकारी बनकर लोगों को लूटने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटी गई नकदी, एसबीआई डेबिट कार्ड और वारदात में इस्तेमाल ऑटो रिक्शा भी बरामद किया है।
मामले के अनुसार, 12 मार्च को एक व्यक्ति ने पीसीआर कॉल कर बताया कि टैगोर रोड कट, मिंटो रोड के पास ऑटो में सवार कुछ लोगों ने उसे धमकाकर नकदी और एटीएम कार्ड लूट लिया। पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन पीड़ित वहां से जा चुका था। अगले दिन पीड़ित ने थाने पहुंचकर पूरी घटना की जानकारी दी।
पीड़ित ने बताया कि वह दरभंगा (बिहार) से नई दिल्ली रेलवे स्टेशन आया था और बस का इंतजार कर रहा था। तभी एक ऑटो चालक ने उसे बैठाया, जिसमें पहले से एक व्यक्ति मौजूद था। रास्ते में एक तीसरा व्यक्ति ऑटो में चढ़ा और खुद को सरकारी अधिकारी बताकर सुरक्षा जांच के नाम पर उसकी तलाशी ली। इस दौरान आरोपियों ने 13,000 रुपये और एटीएम कार्ड लेकर एक लिफाफा थमा दिया। बाद में पीड़ित को पता चला कि उसके खाते से 52,000 रुपये निकाल लिए गए हैं।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की और एक विशेष टीम का गठन किया जिसमें थाना कमला मार्किट एसएचओ सी एल मीणा, कि देखरेख में हेड कांस्टेबल अंकुश, हेड कांस्टेबल नरेश और कांस्टेबल मोहित शामिल थे। टीम ने:इलाके के कई सीसीटीवी फुटेज खंगाले और पाया कि ऑटो का नंबर टेप से छिपाया गया था। गहन जांच के बाद वाहन की पहचान कर ली गई।
तकनीकी जांच और गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने फतेहपुर बेरी के आसोला इलाके में छापेमारी कर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने असोला, फतेहपुर बेरी इलाके में छापेमारी कर तीन आरोपियों—कृष्ण कुमार (ऑटो चालक), रवि कुमार (मास्टरमाइंड) और राहुल गुप्ता—को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे रेलवे स्टेशन और आसपास बस का इंतजार कर रहे यात्रियों को निशाना बनाते थे। गैंग का तरीका बेहद सुनियोजित था, जिसमें एक आरोपी ऑटो चालक, दूसरा सह-यात्री और तीसरा खुद को सरकारी अधिकारी बताकर जांच के बहाने नकदी और एटीएम कार्ड हासिल कर लेता था। इसके बाद आरोपी कार्ड बदलकर पैसे निकाल लेते थे।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 12,500 रुपये नकद, एसबीआई डेबिट कार्ड और वारदात में इस्तेमाल ऑटो बरामद किया है। आरोपियों के खिलाफ पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।





